भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार 17वें दिन भी जारी रहा। हजारों छात्र अपनी मांगों को लेकर विधानसभा मार्च के लिए सड़कों पर उतरे। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच कई दौर की बातचीत के बावजूद कोई समाधान नहीं निकल सका। आंदोलन के चलते सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। कुछ छात्र भूख हड़ताल पर भी बैठे हैं और सीबीआई जांच की मांग पर अड़े हुए हैं।